यूपी लाइव न्यूज़ 24 उत्तर प्रदेश
ब्यूरो प्रमुख दुर्गेश अवस्थी
जयपुर: दौसा। राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो ने बांदीकुई में बड़ी कार्रवाई करते हुए रेलवे के सेक्शन ऑफिसर समेत तीन लोगों को रिश्वत लेते ट्रैप किया है। ए सी बी की टीम ने तीनों आरोपियों को 5 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। आरोपियों ने मीटर बदलने की एवज में 10 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। कार्रवाई के बाद ए सी बी टीम तीनों से पूछताछ कर रही है और पूरे मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
*मीटर बदलने के नाम पर मांगी 10 हजार की रिश्वत:*
ए सी बी के अनुसार मीटर बदलने के काम के बदले आरोपियों ने परिवादी से 10 हजार रुपए की रिश्वत की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद ACB ने मामले का सत्यापन कराया। शिकायत की पुष्टि होने पर टीम ने ट्रैप की कार्रवाई की योजना बनाई। निर्धारित योजना के तहत परिवादी को रिश्वत की रकम देने के लिए भेजा गया। जैसे ही आरोपियों ने 5 हजार रुपए की रिश्वत स्वीकार की, ए सी बी की टीम ने कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ लिया। मामले में रिश्वत की बाकी रकम की मांग और भूमिका को लेकर भी जांच की जा रही है।
*इन लोगों को एसीबी ने दबोचा:*
ACB की कार्रवाई में रेलवे के सेक्शन ऑफिसर धर्मराज गुर्जर, बांदीकुई डिस्कॉम के AEN छोटेलाल सैनी और लाइनमैन धर्मेन्द्र सैनी को ट्रैप किया गया है। तीनों की भूमिका को लेकर ACB जांच कर रही है।कार्रवाई के बाद ब्यूरो की टीम आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि रिश्वत की मांग किस स्तर पर की गई थी और इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं। ACB की ओर से कार्रवाई से जुड़े दस्तावेज और अन्य साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं।
*ASP ज्ञानसिंह चौधरी के नेतृत्व में कार्रवाई:*
बांदीकुई में हुई इस कार्रवाई को ACB के ASP ज्ञानसिंह चौधरी ने अंजाम दिया। कार्रवाई DIG डॉ. रामेश्वर सिंह के सुपरविजन में की गई। ट्रैप के बाद ACB टीम ने आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। ACB अब रिश्वत प्रकरण से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि मीटर बदलने की प्रक्रिया में आरोपियों की वास्तविक भूमिका क्या थी और रिश्वत की मांग किस उद्देश्य से की गई थी। मामले में आगे की जांच के आधार पर और जानकारी सामने आने की संभावना है।