यूपी लाइव न्यूज 24 उत्तर प्रदेश
मुख्य संपादक प्रवीण सैनी लखनऊ
आशियाना, लखनऊ भीषण गर्मी को देखते हुए सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने माँ पीताम्बरा ट्रस्ट एवं Environment Warriors के सहयोग से एक महत्वपूर्ण जन-सेवा एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान का शुभारंभ किया है, आशियाना स्थित विधायक कार्यालय से भाजपा पदाधिकारियों को पानी के घड़े व पक्षियों के लिए जलपात्र उपलब्ध करा शुरू हुआ अभियान।
इस अभियान के अंतर्गत सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र में 1000 स्थानों पर जरूरतमंद लोगों के लिए पानी की व्यवस्था तथा 1000 स्थानों पर पक्षियों के लिए जलपात्र स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए 1000 घड़े तथा 1000 पक्षी जलपात्र/ मिट्टी के पात्र पार्टी कार्यकर्ताओं, बूथ अध्यक्षों एवं स्थानीय कार्यकर्ताओं को वितरित किए जाएंगे, ताकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित रूप से पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करें।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि मई और जून की प्रचंड गर्मी में प्यासे राहगीरों, श्रमिकों, जरूरतमंदों और पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करना केवल सेवा नहीं, बल्कि हमारी मानवीय और सांस्कृतिक जिम्मेदारी भी है। यह अभियान सरोजिनी नगर में सेवा, संवेदना और पर्यावरण संरक्षण के भाव को और मजबूत करेगा।
उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि लखनऊ में भूजल स्तर तेजी से गिर रहा है और यह एक गंभीर चेतावनी है। विभिन्न रिपोर्ट्स के अनुसार, शहर के कई इलाकों में पिछले 9–10 वर्षों में ही 10–12 मीटर (लगभग 30–40 फीट) तक गिरावट दर्ज की गई है (स्रोत: Hindustan Times)। वहीं विशेषज्ञों के अनुसार, गोमती बेसिन क्षेत्र में भूजल स्तर कई स्थानों पर 30 मीटर तक नीचे चला गया है (स्रोत: Times of India)।
दीर्घकालिक रुझान और अध्ययनों से स्पष्ट है कि पिछले 15–20 वर्षों में लखनऊ के कई हिस्सों में कुल मिलाकर 20–30 मीटर (लगभग 60–100 फीट या उससे अधिक) तक गिरावट देखी गई है, जो अत्यंत चिंताजनक स्थिति है (स्रोत: CWE Journal, TERI Study)।
डॉ. सिंह ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे अपने घरों, पार्कों और संस्थानों में कम लागत वाले वर्षा जल संचयन सिस्टम अवश्य लगाएं, ताकि गिरते हुए भूजल स्तर को रोका जा सके और आने वाली पीढ़ियों के लिए जल सुरक्षित किया जा सके।
इसके साथ ही उन्होंने लोगों से सोलर पैनल लगाने का भी आग्रह किया, ताकि पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम हो, पर्यावरण की रक्षा हो और राष्ट्रहित में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिले।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि सरोजिनी नगर केवल विकास का नहीं, बल्कि सेवा, संवेदना और सतत भविष्य का भी मॉडल बनेगा। यह अभियान न केवल लोगों और पक्षियों की प्यास बुझाएगा, बल्कि जल संरक्षण और ऊर्जा आत्मनिर्भरता के प्रति भी व्यापक जन-जागरण का माध्यम बनेगा।