यूपी लाइव न्यूज 24 उत्तर प्रदेश
राज्य ब्यूरो प्रमुख जितेंद्र सैनी
लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में बड़ा फैसला लिया गया है। अब 31 मार्च 2026 तक जिला पंचायतों से स्वीकृत भवन नक्शों को विकास प्राधिकरण क्षेत्रों में भी वैध माना जाएगा। ऐसे भवनों पर सीलिंग या ध्वस्तीकरण की कार्रवाई नहीं होगी। हालांकि संबंधित भवन मालिकों को विकास प्राधिकरण में पंजीकरण कराना होगा और निर्धारित शुल्क जमा करना होगा।
यदि निर्माण मास्टर प्लान के भूमि उपयोग के विपरीत पाया गया तो अतिरिक्त शुल्क देना पड़ेगा। सरकार का दावा है कि इससे हजारों भवन मालिकों को राहत मिलेगी